- Site Counter: 125,503
राष्ट्रीय ज्ञान नेटवर्क
पृष्ठषभूमि
राष्ट्री य ज्ञान नेटवर्क के गठन हेतु सरकार के निर्णय की घोषणा बजट भाषण, 2008-09 में की गई थी। वित्तीय वर्ष 2008-09 के लिए राष्ट्रीटय ज्ञान नेटवर्क की स्थाटपना हेतु विभाग को 100 करोड़ रु. की आरंभिक राशि का आबंटन किया गया था। भारत सरकार के प्रधान वैज्ञानिक सलाहकार की अध्यीक्षता में एक उच्चय स्तभरीय समिति (एचएलसी) का गठन किया गया जिसे राष्ट्री य ज्ञान नेटवर्क की स्थाएपना का समन्वाय और निगरानी करनी थी।
25 मार्च 2010 को सरकार ने 10 वर्ष की अवधि में राष्ट्री य सूचना विज्ञान केन्द्र (एनआईसी) द्वारा कार्यान्वित करने हेतु 5990 करोड़ रु. के परिव्यनय सहित राष्ट्री य ज्ञान नेटवर्क (एनकेएन) की स्थाहपना को अनुमोदन दिया।
उद्देश्यट
राष्ट्री य ज्ञान नेटवर्क का उद्देश्यि विज्ञान, प्रौद्योगिकी, उच्चयतर शिक्षा, अनुसंधान और विकास तथा शासन में सभी पणधारियों को एक साथ लाना है।
राष्ट्री य ज्ञान नेटवर्क की विशेषताएं
इस नेटवर्क में अति उच्चि गति वाले कोर (10 जीबीपीएस के बहुगुणक और इससे अधिक), और 1500 से अधिक नोड शामिल होंगे। इसमें उच्चौतर गति तथा अधिक नोड के लिए भी संभाव्यिता है। इस कोर में उपयुक्तड गतिविधियों पर वितरण पर्त सहित पूरकता प्रदान की जाएगी। प्रतिभागी संस्थाेन प्रत्यगक्ष रूप से या वितरण पर्त के माध्यिम से 100 एमबीपीएस / 1 जीबीपीएस की गति पर राष्ट्री य ज्ञान नेटवर्क से जुड़ सकते हैं।
अनुप्रयोग के क्षेत्र
राष्ट्री य ज्ञान नेटवर्क के तहत संकल्पित अनुप्रयोग क्षेत्र हैं :
- कृषि
- शिक्षा
- स्वाषस्य्ज्
- ई-शासन
- ग्रिड अभिकलन (उच्चथ निष्पा दन अभिकलन)
- अनुमानित परिणाम
राष्ट्री य ज्ञान नेटवर्क परियोजना के परिणामस्वअरूप शैक्षिक और अनुसंधान संस्था्न स्तजर पर उच्चत क्षमता वाली देश व्यानपी मूल संरचना निर्मित होगी जो इन संस्थानों द्वारा संकल्पित शिक्षा और अनुसंधान अनुप्रयोगों एवं अन्य अनुप्रयोगों को समर्थन देगी, जिन्हेंा अत्यंपत उच्चन बैंडविड्थ की आवश्य कता है। एक उच्च गति डेटा संचार नेटवर्क की स्थांपना की जाएगी, जो उच्चयतर अधिगम के संस्थारनों को आपस में जोड़ेगी।
राष्ट्री य ज्ञान नेटवर्क से बड़े प्रतिभागी संस्थाचनों के बीच ज्ञान संसाधन के सृजन, अधिग्रहण और आपस में बांटने की सुविधा के साथ सहयोगात्म्क अनुसंधान, देश व्या पी कक्षाकक्ष (सीडब्यूक सीआर) आदि किए जाएंगे और देश को एक ज्ञान समाज के रूप में विकसित होने में सहायता मिलेगी।
वर्ततान स्थिति
राष्ट्री य ज्ञान नेटवर्क (एनकेएन) के आरंभिक चरण का उदघाटन माननीया श्रीमती प्रतिभा पाटिल, माननीय राष्ट्रेपति महोदया द्वारा 9 अप्रैल, 2009 को राष्ट्रषपति भवन में किया गया था।
राष्ट्री य ज्ञान नेटवर्क (www.nkn.in) के लोगो और वेबसाइट का उदघाटन श्री कपिल सिब्बगल, संचार और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री द्वारा 5 फरवरी 2011 को विज्ञान भवन में किया गया था।
उपस्थिति के 18 बिन्दुऔओं (पीओपी) सहित एक कोर बैकबोन की स्थाटपना की गई है जिसमें 2.5 जीबीपीएस क्षमता है। कुल 96 संस्थारनों को राष्ट्री य ज्ञान नेटवर्क से जोड़ा गया है और 15 आभासी कक्षाकक्षों की स्थालपना की गई है।
कुल 102 लिंक कमिशन किए गए हैं और इन्हेंथ प्रचालनात्म क बनाया गया है।
कुल 50 कोर लिंक कमिशन किए गए हैं और इन्हेंप प्रचालनात्म्क बनाया गया है।
राष्ट्री य ज्ञान नेटवर्क के साथ ट्रांस यूरेशिया सूचना नेटवर्क (टीईआईएन3) लिंक को समेकित किया गया है।
राष्ट्री य ज्ञान नेटवर्क (एनकेएन), टाटा मूलभूत अनुसंधान संस्थाान (टीआईएफआर) और ग्लोिरियाड (द ग्लो बल रिंग नेटवर्क फॉर एडवांस्डू एप्लीनकेशन डेवलपमेंट) के बीच समझौता ज्ञापन पर हस्तानक्षर किए गए हैं।
सम्पर्क अधिकारी :
डॉ बी. के. मूर्ति
वैज्ञानिक एफ
सूचना प्रौद्योगिकी विभाग
संचार और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय
इलेक्ट्रॉनिक्स निकेतन, 6, सीजीओ कॉम्प्लेक्स
नई दिल्ली - 110 003
दूरभाष : +91-11-24360234
टेलीफैक्स : +91-11-24360234
ई-मेल : bkm AT mit.gov.in
अधिक जानकारी के लिए: www.nkn.in

